Showing posts with label देवेंद्र फड़नवीस. Show all posts
Showing posts with label देवेंद्र फड़नवीस. Show all posts

Tuesday, 3 March 2015

अपनी मांगों को पाकिस्‍तान के सामने रखें आवैसी: शिवसेना

एमआईएम के नेता असदुद्दीन ओवैसी पर निशाना साधते हुए शिवसेना ने कहा है अल्पसंख्यकों के नेता ओवैसी को अगर जाति के आधार पर आरक्षण चाहिए तो उन्हें पाकिस्तान चले जाना चाहिए और वहां अपनी मांगों को रखना चाहिए। आपको बता दें कि ओवैसी ने महाराष्ट्र के मुसलमानों को अल्पसंख्यक करार देते हुए आरक्षण की मांग की थी।

शिवसेना ने ओवैसी के भाषण को 'घृणित' करार देते हुए कहा कि देवेंद्र फड़नवीस सरकार को ओवैसी के खिलाफ मामला दर्ज कराना चाहिए और कानूनी कार्यवाही शुरू कर देनी चाहिए।

पढ़ें - मरते दम तक करते रहेंगे भाजपा-आरएसएस का विरोध: औवेसी

शिवसेना ने अपने मुखपत्र 'सामना' में प्रकाशित एक लेख में कहा ओवैसी की मांग है कि महाराष्ट्र में मुसलमानों को मराठों के समान आरक्षण मिलना चाहिए। इस तरह के आग्रह भारत से पाकिस्तान की जुदाई का कारण बनते हैं। ओवैसी को पाकिस्तान चले जाना चाहिए, जहां उनकी मांगों को धार्मिक आधार पर पूरा किया जा सकता है।

एमआईएम अध्यक्ष और हैदराबाद से सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने शनिवार को नागपुर में सभा को संबोधित करते हुए महाराष्ट्र में नौकरी और शिक्षण संस्थानों में मुसलमानों के लिए आरक्षण की मांग की थी।

 

Monday, 2 March 2015

मेरे लिए ट्रैफिक को न रोका जाएः फड़नवीस

महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फड़नवीस ने कहा है कि हाल की एक घटना के बाद मैने डीसीपी को निर्देश दिया है कि मेरे लिए ट्रैफिक को नहीं रोका जाए। आज कल वीआइपी कल्चर को लेकर हो रहे विरोध के बीच फड़नवीस ने कहा कि मुख्यमंत्री बनने के बाद पहले ही दिन मैने स्पष्ट तौर पर निर्देश दिया था कि मेरे लिए कभी ट्रैफिक को नहीं रोका जाए।

फड़नवीस ने कहा कि बिना किसी खतरे के अगर ट्रैफिक को कभी रोका गया तो रिपोर्ट तलब कर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। गौरतलब है कि कई बार देखा गया है कि वीआइपी के लिए ट्रैफिक को काफी समय तक रोक कर रखा जाता है इस दौरान गंभीर रूप से घायल और बीमार मरीजों को बे वजह रुकना पड़ता है और कभी- कभी उनकी मौत भी हो जाती है।

प्रदेश के स्वाइन फ्लू के चपेट में आने के मुद्दे पर पूछे गए सवाल पर फड़नवीस ने कहा कि इसके 90 फीसद मामले मुंबई, पुणे, नागपुर, लाटूर और औरंगाबाद में पाए गए हैं। इस समस्या से हम गंभीरता से निबटने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि बारिश ने खतरे को और बढ़ा दिया है। इस बीमारी को लेकर अभी 15 क्रिटिकल है। हमने जिले के कलेक्टरों और स्वास्थ्य सचिव को इस पर गंभीरता से नजर रखने को कहा है।